बाथरूम या रसोईघर में बिजली बचाने के लिए सही नल और शावर का चुनाव कैसे करें?| How to Select better faucet to save electricity and water

बाथरूम या रसोईघर में बिजली बचाने के लिए सही नल और शावर का चुनाव कैसे करें?:- वर्तमान में हर देश बिजली बचाने के लिए कोई ना कोई प्रयास करता रहता है जिससे बिजली की बचत की जा सके और इस उर्जा को बचाया जा सके। इसलिए बिजली को बचाने के लिए समय समय पर कुछ ना कुछ नई चीज़े बनाई जाती है जिससे बिजली और साथ ही पानी की भी बचत की जा सके। आज का हमारा यह आर्टिकल इसी टॉपिक पर है कि आप किस प्रकार अपने घर में बिजली की बचत कर सकते है इसके अलावा हमारे इस आर्टिकल में आपको बिजली बचाने के साथ साथ पानी बचाने के बारे में भी काफी जानकारी दी जाएगी क्योंकि पानी भी हमारे जीवन के लिए काफी महत्वपूर्ण चीज़ है। अगर आप यह सभी जानकारी लेना चाहते है तो हमारे इस आर्टिकल पर बने रहे।

आज के समय में लोग अपने घरो में बिजली को बचाना इसलिए पसंद करते है क्योंकि इससे बिजली का बिल ज्यादा आता है लेकिन बहुत से लोग इसी तरह से पानी को नही बचाते है क्योंकि इससे उनको ज्यादा फर्क नही पड़ता है। लेकिन आपको पानी की भी बचत करनी चाहिए। यदि आप गर्म पानी से नहाना पसंद करते है तो पानी को गर्म करने के लिए आप वाटर हीटर का इस्तेमाल करते है जहाँ पर आपकी जरूरत से ज्यादा पानी गर्म होता है और जिससे आपकी बिजली की भी खपत ज्यादा होती है और पानी को गर्म करने में खर्च की गयी बिजली / उर्जा व्यर्थ हो जाती है। हमारे इस आर्टिकल में आपको इस तरह के व्यर्थ हो रही बिजली को बचाने के लिए कई टिप्स दिए जा रहे है जिनको पढ़कर और फॉलो करके आप बिजली और पानी दोनों की बचत कर सकते है।

घर में खर्च होने वाले पानी और बिजली की बचत कैसे करें | How to save electricity and water

यदि आप इस बारे में जानना चाहते है कि कोई व्यक्ति किस प्रकार बिजली और पानी बचा सकता है तो आप नीचे दिए जा रहे सभी निर्देशों को पढ़े जिससे आप यह पता कर सकेगे कि आप किस प्रकार बिजली और पानी दोनों बचा सकते है।

  • पानी और बिजली की बचत करने के लिए सबसे पहले आपको अपने घर के बाथरूम में प्रति व्यक्ति नहाने में खर्च होने वाले पानी के हिसाब के आकार का गीजर लगवाना चाहिए, इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि यह एक बार में सिर्फ उतना ही पानी गर्म करेगा जितना जरूरी होगा। इस प्रकार आपकी बिजली और पानी दोनों की बचत होगी।
  • यदि आपके घर में नल नही है और पानी नगरपालिका का आता है तब आपको अपने घर में रोजाना खर्च होने वाले पानी के हिसाब से अपनी पानी की टंकी का आकार तय करना चाहिए जैसे अगर आपके घर में 5 व्यक्ति है तो प्रति व्यक्ति 15 लीटर पानी के हिसाब से नहाने में कुल 75 लीटर पानी खर्च होगा, इसी प्रकार कपडे धोने में, वर्तन धोने में, खाना बनाने में, इस तरह आप कैलकुलेशन करके अपने घर के लिए एक सही आकार की पानी की टंकी का चयन कर सकते है।
  • एक सर्वेक्षण के अनुसार जोकि भारत के मुंबई में आयोजित टाटा कंसल्टिंग इंजीनियरिंग द्वारा किया गया उसके अनुसार, एक पांच सदस्यीय परिवार अपने घर के पानी को ‘वाटर फिक्सचर्स’ का उपयोग करके प्रतिदिन लगभग 35-40% तक की पानी की बचत कर सकता हैं और इतना पानी बचने के कारण उसके घर की बिजली भी बचेगी।
  • यदि आपके घर में पानी का श्रोत है तब आपके लिए पानी कि बचत करना थोडा मुश्किल होता है लेकिन आप अपने घर के बाथरूम और घर के नल, बथरूम के शावर जो कि विशेष रूप से पानी की बचत करने के लिए डिजाईन किये जाते है उनका उपयोग करके आप ज्यादा पानी बचा सकते है।

बाजार में उपलब्ध पानी बचाने के नल/ शावरहेड्स के विभिन्न प्रकार | Different types of water saving taps / showerheads available in the market

अगर आप पानी की और भी बचत करना चाहते है तो आप अपने घर के किचन, बाथरूम में कुछ बेहतर प्रकार के नल और शावर लगवा सकते है जिसके बाद आप पानी की काफी ज्यादा बचत कर सकते है।

नल के एरेटर

जैसा कि आप जानते है कि जब एक नल का पाइप खोला जाता है तब पानी के प्रेशर के कारण उसमे से पानी की एक धार काफी तेजी से बहती है और जिसमे से पानी काफी तेजी से बाहर आता हैं, इससे पानी की बर्बादी होती है इसलिए एरेटर संयोजित नल का उपयोग टोंटी के रूप में प्रयोग किया जाता है। यह पानी के इस बड़ी धारा को कई छोटी छोटी धाराओ में विभाजित करता हैं और इससे कम पानी बहता है और पानी की बचत होती है। आज कल आने वाले ज्यादातर आधुनिक एरेटर में पानी के प्रेशर को बदलने की कार्यक्षमता होती है और इससे पानी का प्रेशर कम हो जाता है और इससे पानी काफी धीरे धीरे बहता है और इससे पानी की काफी ज्यादा बचत होती हैं।

प्रवाह फिक्सचर्स वाले नल

आज कल बाज़ार में प्रवाह फिक्सचर्स वाले नल आते है जो शावरहेड की तरह होते है। जब इन नलों को पानी के पाइप के साथ संयोजित किया जाता हैं तब यह पानी के प्रवाह को कई छोटी धाराओ में बाटने का काम करते हैं। यह प्रवाह फिक्सचर्स वाले फ्लो कंट्रोलर एक निश्चित दर से पानी के निकास के लिए बनाये जाते है और यह पानी के आंतरिक दाब से पूरी तरह से स्वतंत्र होते हैं। यह नल से बाहर आने वाले पानी की मात्रा को कम कर देते है और इससे पानी की बचत होती है।

सेंसर वाले नल

यह सेंसर वाले नल आम तौर पर किसी महगे होटल, मॉल या फिल्म हॉल के बाथरूम में लगाये जाते है। यह सेंसर वाले नलों से पानी तभी निकलता है जब आपका हाथ इनके नीचे होता है और इसी प्रकार यह नल स्वत: बंद हो जाते हैं जब आपका हाथ उनके नल के नीचे नही होता है। यह सभी काम नल में लगे हुए सेंसर की मदद से होता है। इस तरह के सेंसर वाले कुछ नल इनमे से कुछ आटोमेटिक टाइम्ड वाले भी होते हैं जहाँ पर यह नल 30 से 60 सेकंड में स्वत: ही बंद हो जाते हैं। इससे पानी की काफी बचत होती है।

निष्कर्ष

आज हमने आपको अपने इस आर्टिकल के माध्यम से बाथरूम या रसोईघर में बिजली बचाने के लिए सही नल और शावर का चुनाव कैसे करें? के बारे मे जाना है। उम्मीद करते है कि इस आर्टिकल में आपको बाथरूम या रसोईघर में बिजली बचाने के लिए सही नल और शावर का चुनाव कैसे करें? के बारे में सभी जानकारी मिल गयी होगी। इसके अलावा अगर आपको इससे जुड़ा कुछ पूछना है तो आप हमसे कमेंट करके पूछ सकते है।

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